तिसरी के अंजनवा - मलुकचाल गांव के लोग बुनियादी सुविधाओं से हैं वंचितगांव में सड़क, पानी तक मयस्सर नहीं, सारे कथित रहनुमाओं का आश्वासन साबित हुआ छलावा ।
SHIKHAR DARPANTuesday, July 07, 2026
0
तिसरी,शिखर दर्पण संवाददाता।
एक एक हर साल बरसात गुजर जाती है परंतु तिसरी प्रखंड के बेलवाना पंचायत अंतर्गत अंजनवा मलुकचाल गांव के ग्रामीणों की परेशानी खत्म होने का नाम नहीं लेती। बरसात के दिनों में कच्ची सड़क से होने वाली दुश्वारियों की याद पुनः तरोताजा हो जाती है। इसको लेकर काफी संख्या में गांव की महिला, पुरुष और युवाओं ने स्थानीय युवा समाजसेवी इंकज कुमार के नेतृत्व में कच्ची सड़क की दुर्दशा को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधि, विधायक और संबंधित विभाग के खिलाफ सड़क पर उतर कर तीखी प्रक्रिया दी है।बता दें कि अंजनवा मलुकचाल गांव में आदिवासी, राय, हरिजन आदि जाति के छह सात सौ की आबादी निवास करती है।देश की आजादी और झारखंड राज्य अलग होने के बाद आज तक गांव में पक्की सड़क नहीं बनने से बरसात में चलना दुर्लभ हो जाता है।ग्रामीण टुन्नी देवी, बबीता देवी ने कहा कि बरसात के समय कच्ची सड़क पर बाइक तो छोड़िए पैदल चलना मुश्किल हो जाता है। मिट्टी काफी फिसलन वाली है।
चुनाव के समय जनप्रतिनिधि सड़क बनाने का आश्वासन देकर बाद में भूल जाते हैं।धनवार विधायक बाबूलाल मरांडी से भी गांव की समस्या से पूर्व में अवगत कराया गया है। परंतु आज तक समस्या का समाधान नहीं हुआ। ग्रामीण अनीता देवी ने कहा कि अंजनवा गांव में बरसात के समय सड़क की दुर्दशा के कारण एंबुलेंस और कोई भी अन्य वाहन नहीं आ सकती है। बीमार पड़ने पर गोद में उठा कर खोरों मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता है। कविता देवी ने कहा कि सड़क के साथ पेयजल की भी काफी समस्या है। गर्मी के दिनों में पानी के लिए इधर उधर भटकना पड़ता है। विधायक कोटा से एक भी चापाकल अंजनवा गांव में नहीं हुआ है।पूर्व से दो चापाकल है जो खराब है। कूप पर ग्रामीण निर्भर है जो गर्मी के दिन में सुख जाती है।जिसके कारण पानी के लिए भटकना पड़ता है।समाजसेवी इंकज कुमार ने कहा कि यदि शीघ्र ही गांव में पक्की सड़क नहीं बनी तो ग्रामीणों के साथ मुख्यालय में धरना देंगे।