गिरिडीह,शिखर दर्पण संवाददाता।
मोदी सरकार श्रमिक विरोधी है और इस सरकार ने एक-एक कर मजदूरों के अधिकार छीन लिए हैं। केंद्र सरकार की ही तर्ज पर अधिकांश राज्य सरकारें भी मजदूरों के खिलाफ खड़ी हैं। झारखंड भी इसका अपवाद नहीं है। देश भर के मेहनतकशों को श्रम विरोधी सरकारों के खिलाफ संघर्ष करने की जरूरत है, तभी उनका अधिकार मिल पाएगा। उपरोक्त बातें पूर्व जिप सदस्य एवं फॉरवर्ड ब्लॉक के जिला संयोजक राजेश यादव ने आज ऐतिहासिक मई दिवस पर सदर प्रखंड के धुधकीटांड़-ललकीटांड़ में स्थानीय मजदूरों के साथ मई दिवस पर आयोजित एक मीटिंग को संबोधित करते हुए कही। कहा कि, गिरिडीह की फैक्ट्रियों में भी श्रमिकों का जमकर शोषण हो रहा है।
नए लेबर कोड ने मजदूरों को पहले से कहीं ज्यादा, ठेकेदारों और कंपनियों के चंगुल में धकेल दिया है। देश भर के करोड़ों असंगठित ठेका मजदूर शोषण के शिकार हो रहे हैं। ग्रामीण मजदूरों की स्थिति और भी बदतर है। मेहनतकशों को बुनियादी नागरिक सुविधाएं भी नहीं मिल रही हैं। श्री यादव ने कहा कि, आज के दिन मजदूर अधिकारों के लिए संघर्ष का संकल्प लेकर उसे आगे बढ़ाना ही शिकागो के अमर शहीद मजदूरों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने आगामी 15 मई को बेरदोंगा पंचायत भवन के पास एक बड़ी मीटिंग करने का भी ऐलान किया। आज के कार्यक्रम के अध्यक्षता पार्टी नेता संजय चौधरी ने की जबकि संचालन राजेश कोल, रामू कोल, बबलू टुडू, डीलचंद कोल आदि ने
की। जबकि मुख्य रूप से पार्टी नेता मनोज यादव, बिनोद दास, किशोरी कोल, पवन कोल, धोनी हांसदा, राज बाबू कोल, टिंकू कोल, उमेश कोल, सुकर कोल, गुलाब कोल, रमेश कोल, द्वारिका कोल, पुरण कोल, कलावती देवी, मीना देवी, खिरिया देवी, झलिया देवी, कुंती देवी सहित बड़ी तादाद में महिला-पुरुष मौजूद थे।