भाकपा-माले के नेतृत्व में केन्द्रीय आदिम जनजाति माल पहाड़िया सम्मेलन सम्पन्न।
SHIKHAR DARPANMonday, February 09, 2026
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गांडेय,शिखर दर्पण संवाददाता।
गांडेय प्रखंड के पंडरी पंचायत अंतर्गत ग्राम नईंयासिंधा में भाकपा-माले के लाल झंडे तले केन्द्रीय आदिम जनजाति माल पहाड़िया का एक दिवसीय सम्मेलन सम्पन्न हुआ। सम्मेलन में संथाल परगना क्षेत्र के देवघर, दुमका, जामताड़ा तथा गिरिडीह जिलों से आदिम जनजाति भोक्ता, माल पहाड़िया, पूजहर, गंजु सहित विभिन्न जनजातियों के महिला-पुरुष प्रतिनिधियों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में धनवार के पूर्व विधायक कॉमरेड राजकुमार यादव तथा अखिल भारतीय किसान महासभा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य कॉमरेड पुरन महतो उपस्थित रहे। सम्मेलन की अध्यक्षता पुरन महतो, बहादुर भोक्ता और कैलाश भोक्ता ने संयुक्त रूप से की, जबकि संचालन गाण्डेय विधानसभा प्रभारी कॉमरेड शंकर पाण्डेय ने किया।
मुख्य अतिथि राजकुमार यादव ने अपने संबोधन में कहा कि खरवार, भोक्ता, पूजहर, गंजु आदि जनजातियों को अनुसूचित जनजाति का दर्जा भारत सरकार द्वारा अधिसूचित किए जाने के बावजूद जाति प्रमाण पत्र जारी करने में प्रशासनिक स्तर पर बाधाएं उत्पन्न की जा रही हैं। उन्होंने वनाधिकार कानून के बावजूद आदिम जनजातियों के समक्ष जंगल-पहाड़ से बेदखली के खतरे पर चिंता व्यक्त की और कहा कि योजनाओं का लाभ नहीं मिलने की स्थिति में होली के बाद सरकार को ज्ञापन सौंपा जाएगा तथा आवश्यकता पड़ने पर आंदोलन तेज किया जाएगा। उन्होंने 12 फरवरी को प्रस्तावित देशव्यापी आम हड़ताल में भागीदारी का भी आह्वान किया।
सम्मेलन को झारखंड-बिहार पहाड़िया जनजाति संघ के महामंत्री गणेश पहाड़िया, संगठन सचिव आनंद पहाड़िया, महिला मोर्चा की नेत्री मीनू पहाड़िया, किशुन पुजहर, बहादुर भोक्ता, रिखिया सोनबा, भाकपा-माले के विभिन्न प्रखंड एवं जिला स्तरीय नेताओं सहित अन्य वक्ताओं ने भी संबोधित किया। वक्ताओं ने आदिम जनजातियों के अधिकार, सामाजिक जागरूकता, शिक्षा, नशामुक्ति तथा जल-जंगल-जमीन की रक्षा के मुद्दों पर एकजुटता की आवश्यकता पर बल दिया।अध्यक्षीय भाषण में पुरन महतो ने संविधानिक अधिकारों की जानकारी, बच्चों की शिक्षा, सामाजिक सुधार और जमीन माफियाओं के खिलाफ संघर्ष को तेज करने का आह्वान किया। अंत में कैलाश भोक्ता ने धन्यवाद ज्ञापन किया और सम्मेलन के समापन की घोषणा की गई।