विभिन्न परियोजनाओं के भू-अर्जन एवं बोडो हवाई अड्डा विस्तार को लेकर उपायुक्त ने की समीक्षा बैठक।
SHIKHAR DARPANThursday, May 07, 2026
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गिरिडीह,शिखर दर्पण संवाददाता।
उपायुक्त रामनिवास यादव ने अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में विभिन्न परियोजनाओं के भू-अर्जन कार्य एवं बोडो हवाई अड्डा विस्तार से संबंधित महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता भवन प्रमंडल, संबंधित विभागों एवं एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। वहीं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले के सभी अनुमंडल पदाधिकारी एवं अंचलाधिकारी भी बैठक से जुड़े। बैठक के दौरान उपायुक्त ने जिले में संचालित विभिन्न विकास परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण की वर्तमान स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से परियोजनावार प्रगति की जानकारी प्राप्त करते हुए लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन का निर्देश दिया। उपायुक्त ने कहा कि विकास योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए भू-अर्जन प्रक्रिया का पारदर्शी एवं त्वरित निष्पादन अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि भूमि अधिग्रहण से जुड़े सभी मामलों में आपसी समन्वय बनाते हुए कार्य करें ताकि किसी भी परियोजना में अनावश्यक विलंब न हो।बैठक में विशेष रूप से बोडो हवाई अड्डा के विस्तार एवं उससे संबंधित आवश्यक प्रक्रियाओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
उपायुक्त ने संबंधित विभागों एवं अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कहा कि हवाई अड्डा विस्तार परियोजना क्षेत्र के विकास एवं भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए महत्वपूर्ण है। उन्होंने भूमि चिन्हांकन, मापी, रैयतों से समन्वय तथा अन्य प्रशासनिक प्रक्रियाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने का निर्देश दिया।उपायुक्त ने सभी अनुमंडल पदाधिकारियों एवं अंचलाधिकारियों को निर्देश दिया कि भू-अर्जन से संबंधित लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करें तथा जमीनी स्तर पर उत्पन्न समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि आमजनों के हितों का ध्यान रखते हुए नियमानुसार एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य किया जाए, ताकि प्रभावित लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। बैठक के दौरान विभिन्न परियोजनाओं से जुड़े तकनीकी एवं प्रशासनिक मुद्दों पर भी चर्चा की गई। उपायुक्त ने संबंधित एजेंसियों को कार्यों में गुणवत्ता एवं समयसीमा का विशेष ध्यान रखने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय एवं नियमित मॉनिटरिंग के माध्यम से विकास कार्यों को गति देने की बात कही। बैठक में भू-अर्जन प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने, लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन तथा विकास परियोजनाओं को समय पर पूर्ण कराने को लेकर कई आवश्यक निर्देश दिए।