Type Here to Get Search Results !

भारी पुलिस बल की तैनाती के बीच भाकपा माओवादी 2.35 करोड़ के इनामी पतिराम उर्फ अनल दा का शव गांव पहुंचा, रोते-बिलखते परिजन।

पीरटांड, शिखर दर्पण संवाददाता।

भाकपा (माओवादी) के हार्डकोर नक्सली एवं ₹2 करोड़ 35 लाख के इनामी पतिराम मांझी उर्फ अनल का शव रविवार की देर शाम उसके पैतृक गांव बालेथान, दीवानडीह (झरहा) में परिजनों को सौंप दिया गया। शव के गांव पहुंचते ही माहौल बेहद गमगीन हो गया। पत्नी, बेटियां, माता-पिता और भाई शव से लिपटकर दहाड़ मारकर रोते नजर आए। इस हृदयविदारक दृश्य को देखकर वहां मौजूद ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं।शव सौंपे जाने के दौरान पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। गांव में सन्नाटा पसरा रहा और हर चेहरा उदासी में डूबा दिखा। अनल के भाई के घर के आसपास ग्रामीणों की भीड़ जमा रही, लेकिन माहौल पूरी तरह शांत और गमगीन बना रहा। किसी के मुंह से बोल नहीं निकल रहे थे, केवल रोने-बिलखने की आवाजें माहौल को और भी भारी बना रही थीं।
गौरतलब है कि पतिराम मांझी उर्फ अनल 22 जनवरी को सारंडा जंगल में पुलिस एवं सुरक्षा बलों के साथ हुई मुठभेड़ में मारा गया था। मुठभेड़ के बाद उसका शव सुरक्षा बलों के कब्जे में था, जिसे सभी कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद रविवार की शाम परिजनों को सौंपा गया।शव को सीआरपीएफ एवं जिला पुलिस की टीम की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच स्कॉट करते हुए उसके घर तक लाया गया। सुरक्षा को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल तैनात रहा।बताया जाता है कि पतिराम उर्फ अनल भाकपा (माओवादी) संगठन का एक बड़ा और सक्रिय चेहरा था, जिस पर विभिन्न राज्यों में कई गंभीर नक्सली घटनाओं में संलिप्तता के आरोप थे। उस पर ₹2 करोड़ 35 लाख का इनाम घोषित था। बावजूद इसके, उसके शव के गांव पहुंचते ही एक बेटे, पति और पिता के रूप में उसके परिवार का दर्द सबके सामने छलक पड़ा।फिलहाल शव सौंपे जाने के बाद गांव में शोक का माहौल बना हुआ है और ग्रामीण पूरी तरह गमगीन हैं। प्रशासन की ओर से स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.